चंडीगढ़ के सेक्टर-45 में मंगलवार को एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को दहला दिया। एक रिहायशी इमारत में रखे गैस सिलेंडरों में लगातार तीन जोरदार धमाके हुए, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। हादसे में कई लोगों के गंभीर रूप से घायल होने की खबर है। धमाकों की तीव्रता इतनी अधिक थी कि आसपास के मकानों की दीवारें तक हिल गईं और आवाज दूर-दूर तक सुनाई दी।
पहला धमाका होते ही लोग घरों से बाहर निकल आए और इलाके में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। इसके कुछ ही मिनटों बाद दो और धमाके हुए, जिससे भय और बढ़ गया। विस्फोट के बाद इमारत के कुछ हिस्सों को नुकसान पहुंचा और आसपास धुआं फैल गया। घटना की जानकारी मिलते ही फायर ब्रिगेड, पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं। राहत और बचाव कार्य तुरंत शुरू किया गया। मलबे में फंसे लोगों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां कई घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर पूरे इलाके को सील कर दिया है।
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि जिस इमारत में धमाका हुआ वहां बड़ी संख्या में गैस सिलेंडर रखे गए थे और अवैध रूप से सिलेंडरों की बिक्री का काम चल रहा था। लोगों का कहना है कि सुरक्षा मानकों की अनदेखी के कारण यह बड़ा हादसा हुआ। शुरुआती आशंका गैस लीक के बाद विस्फोट होने की जताई जा रही है, हालांकि अधिकारियों ने अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। फिलहाल पुलिस और फॉरेंसिक टीम मामले की जांच में जुटी हुई है। प्रशासन यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि इमारत में इतनी बड़ी संख्या में सिलेंडर कैसे रखे गए थे और क्या सुरक्षा नियमों का उल्लंघन किया गया था।