नयी दिल्ली, छह मार्च (भाषा) केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने राजस्थान में 2010 में एक अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश के रिश्तेदारों की हत्या करने के आरोप में वांछित एक फरार अपराधी को 16 साल बाद गिरफ्तार कर लिया है। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि राजस्थान के कामा में पिता-पुत्र की हत्या में शामिल छह आरोपियों में से पारस राम मामला दर्ज होने के बाद से ही फरार था। अधिकारियों ने कहा कि उस पर पांच लाख रुपये का इनाम घोषित था।
अधिकारियों ने कहा कि उसे बृहस्पतिवार को राष्ट्रीय राजधानी में गिरफ्तार किया गया, जहां वह ‘‘राजू शर्मा’’ की फर्जी पहचान से रह रहा था।
सीबीआई के प्रवक्ता ने एक बयान में कहा, ‘‘आरोप है कि 29.07.2010 को आरोपियों ने राजस्थान के कामा में एक व्यक्ति के घर में घुसपैठ की और देसी हथियारों से अंधाधुंध गोलीबारी की। गोलीबारी के परिणामस्वरूप, तत्कालीन अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश के परिवार के सदस्य पिता-पुत्र सहित दो व्यक्तियों की मौके पर ही मृत्यु हो गई, और दो अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गए।’’
उन्होंने कहा कि तकनीकी जानकारियों और जमीनी स्तर की खुफिया जानकारी के संग्रह एवं विश्लेषण के माध्यम से, सीबीआई ने भगोड़े के ठिकाने के बारे में विश्वसनीय सुराग हासिल किए, जिसके परिणामस्वरूप उसकी गिरफ्तारी हुई।
अधिकारी ने कहा कि गिरफ्तार आरोपी को अदालत के समक्ष पेश किया गया जहां से उसे तीन दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया।
भाषा
नेत्रपाल पवनेश
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