शहर के सराय शेख में करीब 10 साल से बिना पंजीकरण के चल रही अवैध दवा फैक्टरी में एक्सपायर्ड दवाओं को पीसकर उनके कैप्सूल बनाए जाते थे। इन कैप्सूल को झोलाछाप के लिए तैयार किया जाता था। ये दवाएं इटावा के अलावा कन्नौज, औरैया, मैनपुरी के चुनिंदा मेडिकल स्टोरों तक पहुंचाईं जाती थी। इस बात का खुलासा मंगलवार देर शाम फैक्टरी में पड़े छापे के बाद हुआ।
मौत के सौदागर: झोलाछाप को बेचे जा रहे थे एक्सपायर्ड दवाओं के कैप्सूल
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