उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले में बाढ़ से हालात गंभीर बने हुए हैं। जिन जगहों पर कभी घर, खेत और सड़कें नजर आती थीं, वहां अब चारों तरफ पानी ही पानी दिखाई दे रहा है। बाढ़ का पानी बढ़ने से कई घर और खेत जलमग्न हो गए हैं। लोगों को पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ रहा है और सुरक्षित जगहों की ओर जाना पड़ रहा है।
गर्रा, सुखेता और गोमती नदियों का जलस्तर बढ़ने से जिले के कई इलाकों में जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है। इससे हरदोई की तीन तहसीलों और तीन ब्लॉकों के करीब एक दर्जन गांव प्रभावित हुए हैं।
पानी में डूबे घर और खेत
बाढ़ के कारण प्रभावित परिवारों की रोजमर्रा की जिंदगी मुश्किल हो गई है। कई घर पूरी तरह पानी में डूब गए हैं, जबकि बड़ी मात्रा में खेती की जमीन भी जलमग्न है। ग्रामीण पानी कम होने का इंतजार कर रहे हैं। बाढ़ प्रभावित इलाकों में लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। कई परिवार जिला प्रशासन की ओर से बनाए गए राहत शिविरों में शरण ले रहे हैं।
प्रशासन ने शुरू किया नुकसान का आकलन
जिला प्रशासन की टीमें प्रभावित क्षेत्रों में स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। अधिकारी बाढ़ से हुए नुकसान का आकलन कर रहे हैं और प्रभावित लोगों तक राहत पहुंचाने का काम किया जा रहा है। ग्रामीणों के सामने सबसे बड़ी चुनौती बाढ़ के पानी के बीच रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करना है। लोग जल्द पानी उतरने और सामान्य स्थिति लौटने का इंतजार कर रहे हैं।