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गुजरात में पूर्व अग्निवीरों को बड़ी सौगात, सरकारी नौकरियों में मिलेगा 20% आरक्षण

गुजरात सरकार ने सोमवार को पूर्व अग्निवीरों को राज्य सेवाओं में रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के लिए एक महत्वपूर्ण नीति की घोषणा की। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के निर्देश पर लिए गए इस फैसले के तहत विभिन्न विभागों के क्लास-3 पदों पर सीधी भर्ती में पूर्व अग्निवीरों को 20 प्रतिशत आरक्षण दिया जाएगा। सरकार की ओर से जारी बयान के अनुसार, यह कदम अग्निवीर योजना के तहत सेवा दे चुके युवाओं को राज्य की वर्दीधारी सेवाओं और अन्य सरकारी पदों में सुगम अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से उठाया गया है।

नई नीति के तहत आर्म्ड पुलिस सब-इंस्पेक्टर, आर्म्ड पुलिस कॉन्स्टेबल, एसआरपी प्लाटून कमांडर, पुलिस कॉन्स्टेबल, जेल विभाग में जेलर ग्रुप-2 और जेल गार्ड, तथा वन विभाग में फॉरेस्ट गार्ड और फॉरेस्ट कंजर्वेटर जैसे पदों की सीधी भर्ती में पूर्व अग्निवीरों को 20 प्रतिशत आरक्षण मिलेगा। आरक्षण के अलावा राज्य सरकार ने पूर्व अग्निवीरों को भर्ती प्रक्रिया में अतिरिक्त राहत भी देने का निर्णय लिया है। इसके तहत उन्हें संबंधित भर्तियों में शारीरिक दक्षता परीक्षा (फिजिकल एफिशिएंसी टेस्ट) से छूट दी जाएगी।

इसके साथ ही भर्ती के लिए अधिकतम आयु सीमा में भी छूट प्रदान की गई है। सामान्य श्रेणी के पूर्व अग्निवीरों को अधिकतम तीन वर्ष तक की आयु छूट मिलेगी, जबकि अग्निवीर योजना के पहले बैच के उम्मीदवारों को पांच वर्ष तक की आयु छूट का लाभ दिया जाएगा। सरकार ने कहा कि यह निर्णय अग्निवीरों के अनुशासन, प्रशिक्षण और सेवा अनुभव को सम्मान देने के साथ-साथ उन्हें सरकारी सेवाओं में सहज संक्रमण का अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से लिया गया है।

बयान में कहा गया है कि राज्य सरकार उन युवाओं को सार्थक अवसर देने के लिए प्रतिबद्ध है, जिन्होंने अग्निवीर योजना के तहत देश की सेवा की है। यह नीति उसी प्रतिबद्धता का प्रतिबिंब है। सरकार का मानना है कि इस कदम से वर्दीधारी सेवाओं में प्रशिक्षित और अनुशासित युवाओं की भागीदारी बढ़ेगी, साथ ही सैन्य सेवा पूरी कर लौटने वाले युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। नई नीति का लाभ संबंधित विभागों की आगामी सीधी भर्ती प्रक्रियाओं में मिलेगा। इसके लिए राज्य सरकार जल्द ही विस्तृत दिशा-निर्देश जारी करेगी।