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मेरठ: कोर्ट से भागे मुल्जिम ने किया सरेंडर, कहा- मुझे अरेस्ट कर लो, गोली मत मारना

मेरठ में बुधवार को कोर्ट से फरार हुए जानलेवा हमले के आरोपी फरियाद ने खुद थाने में आकर सरेंडर कर दिया। आरोपी फरियाद बृहस्पतिवार को पूरे 22 घंटे बाद किठौर थाने पहुंचा। आरोपी ने कहा कि मैं आ गया हूं अरेस्ट कर लो लेकिन मेरी अम्मी को छोड़ दो। गिरफ्तार कर लो, लेकिन गोली मत मारना। बता दें कि आरोपी फरियाद को किठौर थाना पुलिस बुधवार को एडीजे कोर्ट में पेशी पर लाई थी। वहीं कटघरे से फरियाद पुलिस कस्टडी से फरार हो गया था। तीन घंटे तक सिपाहियों ने सीनियर अफसरों को इसकी जानकारी नहीं दी। इस मामले में दोनों सिपाहियों को भी निलंबित कर दिया गया है।

आपको बता दें बुधवार को किठौर थाने के सिपाही अनिल और विपिन कुमार जानलेवा हमले के आरोपी फरियाद और मारपीट के मामले में आरोपी अंशुल को कोर्ट लेकर आए थे। अंशुल के खिलाफ 2012 में दर्ज हुए मामले और फरियाद के खिलाफ 2021 में दर्ज मामले में वारंट थे। दोनों को कोर्ट में पेश किया गया। न्यायालय ने दोनों आरोपियों का रिमांड बनाकर जेल भेजने के आदेश दिए। इस बीच फरियाद पुलिस वालों को चकमा देकर फरार हो गया था। तीन घंटे तक दोनों सिपाहियों ने पुलिस को कोई सूचना नहीं दी। शाम को पूरे मामले का खुलासा हुआ। एसएसपी डॉ. विपिन ताडा के आदेश पर दोनों सिपाहियों के खिलाफ लापरवाही के मामले में सिविल लाइन थाने में रिपोर्ट दर्ज की गई थी।

इसके बाद मुल्जिम फरियाद जब थाने पहुंचा तो उसने पुलिसवालों से कहा कि मिन्नत कर रहा हूं गोली मत मारना। इसलिए खुद चलकर आ गया हूं। किठौर पुलिस ने उसे कोर्ट में पेश किया, जहां से जेल भेज दिया गया। फरारी पर लापरवाही के मामले में एसएसपी ने एक सिपाही अनिल को निलंबित कर दिया था।

जहां फरियाद ने पुलिस को बताया कि कचहरी से भागने के बाद वह पूरी रात रेलवे स्टेशन पर छिपा रहा। जब उसे कहीं से पता चला कि परिजनों को हिरासत में ले लिया गया है तो वह खुद ही परिवार के लोगों के साथ थाने पहुंच गया।