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लापरवाही का आरोप लगाने के बाद निलंबित अग्निशमन अधिकारी ने माफी मांगी

लखनऊ, 24 जून (भाषा) अलीगंज अग्निकांड के संबंध में अग्निशमन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाने के एक दिन बाद, निलंबित अग्निशमन कमलेश कुमार सिंह ने बुधवार को अपने आरोप वापस ले लिए और दावा किया कि उन्हें यह वीडियो रिकॉर्ड करने के लिए गुमराह किया गया था।

बुधवार को ऑनलाइन सामने आए एक अन्य वीडियो में दमकल केंद्र (द्वितीय) अधिकारी (एफएसएसओ) सिंह ने कहा कि वह आग से हुई मौतों से बहुत व्यथित हैं।

उन्होंने कहा,‘‘वीडियो बनाने के लिए मुझे गुमराह किया गया। घटना में 15 लोगों की मौत से मैं बेहद दुखी हूं।’’

सिंह ने वरिष्ठ अधिकारियों और चल रही जांच पर भरोसा जताते हुए कहा कि उनका मानना है कि निष्पक्ष जांच से त्रासदी से जुड़े तथ्य सामने आ जाएंगे।

उन्होंने पहले के वीडियो के लिए भी सार्वजनिक रूप से माफी मांगी, जिसमें उन्होंने आरोप लगाया था कि लखनऊ के मुख्य अग्निशमन अधिकारी (सीएफओ) घटना से जुड़ी खामियों के लिए मुख्य रूप से जिम्मेदार हैं ।

सिंह ने उस वीडियो में कहा था कि उनके विरूद्ध जो अनुशासननात्मक कार्रवाई की गयी है, उसपर पुनर्विचार किया जाए।

मंगलवार को कमलेश कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को संबोधित एक वीडियो और एक पत्र जारी कर दावा किया था कि उनकी भूमिका स्थानीय निरीक्षण और रिपोर्टिंग तक सीमित थी तथा उनके पास किसी प्रकार की मंजूरी देने या अग्नि सुरक्षा मानदंडों को लागू करने का अधिकार नहीं है।

ताजा बयान अलीगंज में उषा मेहता मार्ग पर तीन मंजिला एक इमारत में सोमवार को लगी आग की चल रही जांच के बीच आया है। आवासीय उपयोग के लिए स्वीकृत इमारत का उपयोग कथित तौर पर व्यावसायिक गतिविधियों के लिए किया जा रहा था और ऊपरी मंजिल पर एक एनीमेशन केंद्र और निचली मंजिल पर एक पालतू जानवर की दुकान और क्लिनिक था।

आग में पंद्रह लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए।

उत्तर प्रदेश सरकार ने घटना के सिलसिले में सिंह सहित चार अधिकारियों को निलंबित कर दिया है। अबतक चार लोगों को गिरफ्तार भी किया गया है, जबकि छह नामित व्यक्तियों और अन्य के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और उत्तर प्रदेश अग्निशमन और आपातकालीन सेवा अधिनियम के प्रासंगिक प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया गया है।

अधिकारी आग लगने के कारण और भवन एवं अग्नि सुरक्षा नियमों के संभावित उल्लंघन की जांच कर रहे हैं।

भाषा जफर राजकुमार

राजकुमार