Breaking News

‘PM मोदी से हमारे रिश्ते अच्छे’, फ्रांस में द्विपक्षीय बैठक में बोले डोनाल्ड ट्रंप     |   'पीएम मोदी के साथ कई मुद्दों पर हुई बात', मीटिंग के बाद बोले डोनाल्ड ट्रंप     |   'मोदी शांत, संयमित और जबरदस्त...मैं उनके जैसा नहीं', पीएम की तारीफ में बोले डोनाल्ड ट्रंप     |   कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे पर PM मोदी के खिलाफ अभद्र टिप्पणी का आरोप, विशेषाधिकार समिति को सौंपी गई शिकायत     |   समाजवादी पार्टी के 25-26 सांसद टूटने को तैयार: केशव प्रसाद मौर्य     |  

दिल्ली: डाबड़ी के अस्पताल में आग लगी, कोई हताहत नहीं

नयी दिल्ली, 15 जून (भाषा) दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के डाबड़ी इलाके में स्थित एएस अस्पताल में बिजली संबंधी उपकरणों में आग लग जाने के कारण वहां से एक दर्जन से ज्यादा मरीजों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। दिल्ली पुलिस ने सोमवार को यह जानकारी दी।

पुलिस ने बताया कि घटना में किसी के घायल होने की कोई सूचना नहीं है।

दिल्ली अग्निशमन सेवा (डीएफएस) के अनुसार, रविवार रात लगभग 10:25 बजे, डाबड़ी-पालम रोड पर स्थित एएस मल्टी किडनी अस्पताल में आग लगने की सूचना मिली।

अधिकारियों ने बताया कि मौके पर दमकल की पांच गाड़ियों को भेजा गया।

डीएफएस के एक अधिकारी ने कहा कि रात करीब 10:40 बजे आग पर काबू पा लिया गया।

एक अधिकारी ने बताया कि रात 10:27 बजे सागरपुर थाने को आग लगने की सूचना मिली। इसके बाद लगभग 15 पुलिसकर्मी एवं कैट्स एम्बुलेंस टीम मौके पर पहुंचीं।

पुलिस अधिकारी ने कहा, “जब पुलिस टीम मौके पर पहुंची, तब तक अस्पताल के कर्मचारियों ने अग्निशामक यंत्रों का उपयोग करके आग को पहले ही बुझा दिया था।”

प्रारंभिक जांच से पता चला कि आग शॉर्ट सर्किट के कारण लगी।

पुलिस के अनुसार, घटना के समय अस्पताल में 15 से अधिक मरीज मौजूद थे।

अधिकारी ने कहा, “अस्पताल प्रशासन ने तुरंत ही सभी मरीजों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया, एवं उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की।”

अस्पताल में आग लगने से अफरातफरी मच गई और लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागते हुए देखे गए।

पुलिस ने कहा कि नर्स और डॉक्टर समेत अस्पताल के कर्मचारियों के साथ-साथ स्थानीय लोगों ने भी अग्निशामक यंत्र की सहायता से आग बुझाने में मदद की।

एक स्थानीय व्यक्ति ने कहा, 'अस्पताल का पिछला दरवाजा बंद होने के कारण मरीज अपनी जान बचाने के लिए भागे। मैं भी मौके पर पहुंचा और अस्पताल के अंदर मौजूद लोगों की मदद की।'

उन्होंने कहा, 'अस्पताल का पिछला दरवाज़ा बंद था। मैं अपने घर से एक हथौड़ा लाया, जिसका इस्तेमाल वहां मौजूद एक व्यक्ति ने लोगों को बाहर निकलने के लिए दरवाज़ा तोड़ने में किया।'

हाल में राजधानी में आग लगने की दो बड़ी घटनाओं में कई लोगों की जान जाने के मद्देनजर इस घटना को लेकर इलाके में थोड़ी देर के लिए दहशत फैल गई।

भाषा नोमान नोमान सुरेश

सुरेश