Breaking News

कश्मीर के गुलमर्ग में LOC के पास रहस्यमयी ब्लास्ट, 1 शख्स की मौत, 4 घायल     |   दिल्ली-NCR से कश्मीर तक 6.2 तीव्रता से कांपी धरती, अफगानिस्तान बना भूकंप का केंद्र     |   दिल्ली-NCR और जम्मू-कश्मीर में महसूस किए गए भूकंप के तेज झटके     |   राम मंदिर ट्रस्ट में बड़े बदलाव की तैयारी, 11 जुलाई की बैठक में नए महासचिव पर फैसला संभव     |   राम मंदिर ट्रस्ट से चंपत राय-अनिल मिश्रा का इस्तीफा, बैठक में तय होगी अगली भूमिका     |  

सौंदर्य प्रतियोगिता की उपविजेता मुंबई हवाई अड्डे पर 12 करोड़ रुपये के मादक पदार्थ के साथ पकड़ी गई

मुंबई, 12 जून (भाषा) सीमा शुल्क विभाग ने बैंकॉक से भारत में 11.8 करोड़ रुपये कीमत के 11.8 किलोग्राम गांजा की तस्करी करने के आरोप में 29 वर्षीय एक महिला को गिरफ्तार किया है, जो एक निजी बैंक की कर्मचारी है और ‘मिसेज केरल’ सौंदर्य प्रतियोगिता की उपविजेता रह चुकी है।

एक अधिकारी ने बताया कि आरोपी हर्षा सनी बृहस्पतिवार तड़के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पहुंची। उन्होंने बताया कि सनी एक प्राइवेट बैंक में रिलेशनशिप मैनेजर के तौर पर काम करती है और उसने पिछले साल आयोजित ‘मिसेज केरल’ सौंदर्य प्रतियोगिता में हिस्सा लिया था।

अधिकारी के मुताबिक, सनी के बैग से गांजे के 12 पैकेट बरामद किए गए। उन्होंने बताया कि पूछताछ के दौरान सनी ने दावा किया कि विदेश यात्रा के दौरान एक व्यक्ति ने उससे दोस्ती की और संबंधित बैग भारत पहुंचाने के लिए कहा।

अधिकारी के अनुसार, सनी को स्वापक औषधि एवं मन:प्रभावी पदार्थ (एनडीपीएस) अधिनियम के तहत गिरफ्तार कर लिया गया और अदालत में पेश किया गया, जिसने उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया।

अधिकारी ने बताया कि मादक पदार्थ गिरोह में शामिल अन्य व्यक्तियों की पहचान के लिए जांच जारी है।

सनी के वकील प्रभाकर त्रिपाठी ने दलील दी कि यह संगठित गिरोह में काम करने वाले तस्करों के एक सीधे-सादे यात्री का शोषण करने का मामला है।

त्रिपाठी ने दावा किया कि सनी घूमने-फिरने और नेल-आर्ट व मॉडलिंग के क्षेत्र में काम के मौके तलाशने के लिए बैंकॉक गई थी।

उन्होंने बताया कि बैंकॉक में एक व्यक्ति ने सनी से दोस्ती की, उसका भरोसा जीता और उसे भारत तक एक बैग ले जाने के लिए मना लिया।

त्रिपाठी ने कहा, “मेरी मुवक्किल का लगातार यही कहना है कि उसे बैग में गैर-कानूनी सामग्री होने के बारे में कोई जानकारी नहीं थी।”

भाषा पारुल माधव

माधव