कृष्णानगर (पश्चिम बंगाल), नौ जून (भाषा) पश्चिम बंगाल के पूर्व मंत्री उज्ज्वल विश्वास को सरकारी तिरपालों के कथित दुरुपयोग से जुड़े मामले में मंगलवार रात गिरफ्तार कर लिया गया।
इससे कुछ घंटे पहले इस विवाद को लेकर नदिया जिले में उनके आवास के बाहर प्रदर्शनकारियों ने उन्हें घेरकर नारेबाजी की थी।
एक अधिकारी ने बताया कि तृणमूल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता विश्वास को कोतवाली थाने में दर्ज मामले की जांच के बाद गिरफ्तार किया गया और उन्हें बुधवार को अदालत में पेश किया जाएगा।
उन्होंने कहा, ‘‘कोतवाली थाने में दर्ज विशिष्ट मामले और की गई जांच के आधार पर पूर्व मंत्री को गिरफ्तार किया गया है। उन्हें कानूनी प्रक्रिया के तहत अदालत में पेश किया जाएगा।’’
विश्वास की गिरफ्तारी कृष्णानगर में दिनभर चले नाटकीय घटनाक्रम के बाद हुई। उनके आवास पर सरकारी तिरपाल कथित रूप से अवैध तरीके से रखे जाने और वहां से हटाए जाने के आरोपों को लेकर स्थानीय निवासियों और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) समर्थकों ने प्रदर्शन किया।
पुलिस के अनुसार, विवाद दोपहर में तब शुरू हुआ जब विश्वास के आवास के बाहर खड़े एक मालवाहक वाहन में कई तिरपाल कथित रूप से लादे जा रहे थे। यह खबर फैलते ही परिसर के बाहर भीड़ जमा हो गई और पूर्व मंत्री पर सरकारी राहत सामग्री अवैध रूप से रखने का आरोप लगाया गया। प्रदर्शनकारियों ने नारे लगाए और उनके खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग की। स्थिति जल्द ही तनावपूर्ण हो गई और तृणमूल नेता पर कथित रूप से अंडे फेंके गए।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि विश्वास के आवास में सरकारी तिरपालों का बड़ा भंडार रखा था और सामग्री को परिसर से हटाने की कोशिश की जा रही थी।
हालांकि, विश्वास ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि कोई दुरुपयोग नहीं हुआ है।
तनाव बढ़ने पर कोतवाली थाने के पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे और विश्वास को उनके आवास से सुरक्षित बाहर ले गए। पुलिस ने शुरू में कहा था कि यह कदम कानून-व्यवस्था की स्थिति और बिगड़ने से रोकने के लिए उठाया गया था।
पूर्व मंत्री की बाद में हुई गिरफ्तारी ने इस विवाद को नया राजनीतिक मोड़ दे दिया है। विपक्षी दलों ने आरोपों की विस्तृत जांच की मांग की है।
अधिकारी ने बताया कि मामले की आगे की जांच जारी है।
भाषा
सिम्मी संतोष
संतोष
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