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कांगो में इबोला के 550 मामलों में से 101 मरीजों की मौत

बुनिया, नौ जून (एपी) पूर्वी कांगो में इबोला का प्रकोप घोषित होने के एक महीने से भी कम समय में इसके संक्रमण से मृतकों की संख्या बढ़कर 100 से अधिक हो गई है। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।

अधिकारियों के अनुसार, अब तक इबोला वायरस के संक्रमण के कुल 550 मामलों की पुष्टि हुई है। इनमें से 101 लोगों की मौत हो गई और 19 मरीजों के ठीक होने की पुष्टि की गई है।

यह प्रकोप मुख्य रूप से कांगो के पूर्वी प्रांत इटुरी में केंद्रित है, जहां कुल मामलों के 90 प्रतिशत से अधिक दर्ज किये गये हैं। कुछ मामले नॉर्थ किवु और साउथ किवु प्रांतों में भी सामने आए हैं और यह संक्रमण सीमा पार कर युगांडा तक फैल चुका है।

रिपोर्ट में कहा गया है कि वास्तविक मामलों की संख्या इससे अधिक हो सकती है, क्योंकि प्रकोप की पहचान देरी से हुई और प्रभावित क्षेत्रों में निगरानी तथा स्वास्थ्य प्रतिक्रिया में गंभीर चुनौतियां बनी हुई हैं।

स्थानीय निवासियों द्वारा स्वास्थ्य कर्मियों पर हमलों, समुदायों में फैले संदेह और सशस्त्र संघर्ष ने संक्रमण नियंत्रण प्रयासों को और कठिन बना दिया है।

अधिकारियों के अनुसार, यह नया प्रकोप दुर्लभ बुंदीबुग्यो वायरस स्ट्रेन के कारण है, जिसके लिए अभी तक कोई स्वीकृत टीका या उपचार उपलब्ध नहीं है। वायरस का यह उपस्वरूप ज़ैरे वायरस से अलग है, जो कांगो में पहले हुए अधिकांश प्रकोपों के लिए जिम्मेदार रहा है।

स्वास्थ्य अधिकारियों ने कहा कि जांच क्षमता बढ़ने और पहले से एकत्र नमूनों की जांच शुरू होने के कारण मामलों की संख्या में तेजी से वृद्धि दर्ज की गई है।

अग्रिम मोर्चे के स्वास्थ्य कर्मियों को कई बार हमलों का सामना करना पड़ा है और सशस्त्र विद्रोही समूहों की मौजूदगी के कारण वे कई क्षेत्रों तक पहुंच नहीं पा रहे हैं।

विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने कहा कि संघर्ष के कारण राहत कार्य बाधित हो रहा है, निगरानी और प्रतिक्रिया गतिविधियां प्रभावित हैं तथा संक्रमण के अनियंत्रित फैलाव का खतरा बढ़ गया है।

डब्ल्यूएचओ ने कहा कि ऐसी परिस्थितियां इस बात को दर्शाती हैं कि स्थानीय समुदायों और नेताओं के साथ मिलकर काम करना कितना आवश्यक है।

एपी मनीषा वैभव

वैभव