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सत्ता में 2036 तक बने रहने संबंधी सवालों को टाल गए पुतिन

सेंट पीटर्सबर्ग, पांच जून (भाषा) रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने 2036 तक पद पर बने रहने की अपनी योजनाओं के बारे में पूछे गए एक सवाल को टालते हुए कहा कि इस बारे में बात करना अभी बहुत जल्दबाजी होगी और ‘‘केवल ईश्वर ही जानता है’’ कि क्या वह अपने राष्ट्रपति कार्यकाल के अंत तक स्वस्थ रहेंगे।

रूस में 1999 से सत्तासीन 73 वर्षीय पुतिन ने बृहस्पतिवार को पीटीआई सहित प्रमुख वैश्विक समाचार एजेंसियों के प्रमुखों के साथ बातचीत के दौरान ये टिप्पणियां कीं।

वर्ष 2036 तक पद पर बने रहने से जुड़े सवाल पर पुतिन ने कहा, ‘‘मैं अगले चुनावों के बारे में नहीं सोचता। केवल ईश्वर ही जानता है कि मेरी सेहत तब तक कैसी रहेगी। चाहे मैं हूं या आप हों और यहां एकत्रित सभी लोगों की बात हो...हमारे भीतर कल तक , परसों तक, या उससे भी आगे, हमारे सामने मौजूद कुछ कार्यों को करने और निर्धारित लक्ष्यों को प्राप्त करने की क्षमता रहेगी या नहीं...कौन जानता है।’’

पुतिन, जो 2024 में छह साल के कार्यकाल के लिए राष्ट्रपति के रूप में फिर से चुने गए थे, ने कहा कि रूसी संविधान उन्हें 2030 में होने वाले अगले चुनाव में फिर से चुनाव लड़ने की अनुमति देता है।

उन्होंने कहा, ‘‘संविधान के अनुसार, मुझे 2036 तक के लिए दोबारा चुना जा सकता है। लेकिन अभी इस बारे में बात करना बहुत जल्दबाजी होगी। मैं बिल्कुल ईमानदारी से बता रहा हूं....मैं इस बारे में सोच भी नहीं रहा हूं। मैं आपसे बिल्कुल सच कह रहा हूं।’’

पुतिन ने 1999 से 2000 तक रूस के प्रधानमंत्री के रूप में कार्य किया। वह 2000 में चार साल के कार्यकाल के लिए राष्ट्रपति चुने गए, और वह एक बार फिर 2004 में राष्ट्रपति चुने गए। उन्होंने 2008 से 2012 तक प्रधानमंत्री के रूप में कार्य किया।

वर्ष 2008 में रूस के राष्ट्रपति का कार्यकाल बढ़ाकर छह वर्ष कर दिया गया था।

पुतिन 2012 में राष्ट्रपति चुने गए और तब से इस पद पर हैं।

भाषा शफीक नरेश

नरेश