Breaking News

CUET UG 2026: तकनीकी गड़बड़ी की बात NTA ने मानी, दोबारा होगी प्रभावित छात्रों की परीक्षा     |   नोएडा के स्पार्क मिंडा फैक्ट्री में लगी भीषण आग, आग बुझाने में जुटी दमकल की 6 गाड़ियां     |   दिल्ली में आंधी-तूफान का खतरा, IMD का रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी     |   'मेरा क्या हाल किया गया, सबने देखा', सोनारपुर में हमले के बाद अभिषेक बनर्जी का BJP पर निशाना     |   ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक पर हमला     |  

कांग्रेस ने अभिषेक बनर्जी पर हुए ‘हमले’ की निंदा की, ‘प्रतिशोध की राजनीति’ के लिए भाजपा की आलोचना की

नयी दिल्ली, 30 मई (भाषा) कांग्रेस ने शनिवार को पश्चिम बंगाल के सोनारपुर में तृणमूल कांग्रेस के सांसद अभिषेक बनर्जी पर हुए ‘हमले’ की कड़ी निंदा की और कहा कि एक प्रमुख विपक्षी नेता को जानबूझकर पर्याप्त पुलिस सुरक्षा न देना भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ‘प्रतिशोध व उत्पीड़न’ की राजनीति का स्पष्ट प्रमाण है।

पुलिस के मुताबिक, तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी शनिवार को सोनारपुर में चुनाव के बाद हुई हिंसा के पीड़ितों के परिवारों से मिलने गए थे, तभी स्थानीय लोगों ने उनके साथ कथित तौर पर मारपीट की।

अज्ञात लोगों ने सांसद पर पत्थर, जूते व अंडे फेंके और ‘चोर, चोर’ चिल्लाते हुए उन पर लात-घूंसे बरसाने की कोशिश भी की।

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा, “राज्य में चुनाव के बाद हुई हिंसा से प्रभावित परिवारों से मिलने गए सांसद अभिषेक बनर्जी पर सोनारपुर में हुए भयावह हमले की मैं कड़ी निंदा करता हूं।”

उन्होंने कहा, “एक प्रमुख विपक्षी नेता को जानबूझकर पर्याप्त पुलिस सुरक्षा न देना भाजपा की प्रतिशोध और उत्पीड़न की राजनीति का स्पष्ट प्रमाण है।”

खरगे ने ‘एक्स’ पर कहा कि केंद्र और पश्चिम बंगाल सरकार को सभी विपक्षी नेताओं की सुरक्षा सुनिश्चित करनी चाहिए और ऐसे हमलों को रोकने के लिए तत्काल कदम उठाने चाहिए।

उन्होंने जोर देकर कहा कि राजनीतिक मतभेद किसी भी प्रकार की हिंसा को कभी भी उचित नहीं ठहरा सकते।

टेलीविजन पर प्रसारित घटनास्थल के दृश्यों में अभिषेक बनर्जी को हेलमेट पहने हुए इलाके से बाहर ले जाते हुए दिखाया गया, उनकी कमीज फट गई थी।

अभिषेक बनर्जी ने चुनाव के बाद हुई हिंसा के एक पीड़ित के परिजनों से मुलाकात के दौरान कहा, “देखिए इन्होंने मेरे साथ क्या किया। यह सब पहले से तय था। इलाके में पुलिस नहीं है। वे मुझे मारना चाहते हैं। जब तक पुलिस अपनी टीम नहीं भेजती और पीड़ितों के परिवारों को सुरक्षा प्रदान नहीं करती, मैं यह जगह नहीं छोडूंगा।”

स्थानीय महिलाएं झाड़ू व बांस के डंडे लिए तृणमूल कार्यकर्ता के घर के बाहर जमा हो गईं, जहां अभिषेक बनर्जी गए थे।

उन्होंने सांसद के खिलाफ नारे लगाए।

भाषा जितेंद्र दिलीप

दिलीप