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सुरुचि ने स्वर्ण और ईशा ने रजत जीता, भारत पदक तालिका में शीर्ष पर पहुंचा

म्यूनिख, 29 मई (भाषा) भारतीय निशानेबाज सुरुचि इंदर सिंह ने शुक्रवार को यहां आईएसएसएफ विश्व कप की 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक और ईशा सिंह ने इसी स्पर्धा का रजत पदक जीता, जिससे देश पदक तालिका में शीर्ष पर पहुंच गया।

सुरुचि ने 242.1 का स्कोर बनाकर पिछले साल ओलंपिक शूटिंग रेंज में जीते गए स्वर्ण पदक का सफलतापूर्वक बचाव किया जबकि उनकी सीनियर साथी ईशा ने 241.2 का स्कोर करके रजत पदक हासिल किया। कोरियाई निशानेबाज चू गेउन ने कांस्य पदक जीता।

साल के दूसरे आईएसएसएफ विश्व कप चरण में भारत के दो स्वर्ण और एक रजत पदक हो गया है। शनिवार को राइफल और पिस्टल की दो मिश्रित स्पर्धा अभी खेली जानी बाकी हैं।

ये दोनों निशानेबाज दिन में मुश्किल से फाइनल में जगह बना पाईं। दोनों ने क्वालीफिकेशन के आखिरी दो स्थान हासिल किए। दोनों ने 578 का स्कोर किया और मौजूदा ओलंपिक चैंपियन ओह येजिन को एक अंक से पीछे छोड़ दिया।

चू ने 583 के स्कोर के साथ क्वालीफिकेशन में पहला स्थान हासिल किया। उनके अलावा लंदन ओलंपिक की रजत पदक विजेता फ्रांस की सेलीन गोबेरविले और बुल्गारिया की मिरोस्लावा मिनचेवा (580) भी फाइनल में पहुंचीं। मिनचेवा मौजूदा यूरोपीय चैंपियन हैं और उन्होंने दो दिन पहले ही 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में कांस्य पदक जीता था।

ईशा के मुकाबले सुरुचि की शुरुआत थोड़ी धीमी रही। पांच शॉट की पहली सीरीज के बाद वह पांचवें स्थान पर थीं। इस समय ईशा तीसरे स्थान पर थीं।

फाइनल मुकाबला जैसे आगे बढ़ा, सुरुचि ने अपनी लय पकड़नी शुरू कर दी। वहीं, ईशा और सेलीन का प्रदर्शन कभी अच्छा तो कभी खराब रहा जबकि चू लगातार बढ़त बनाकर सबसे आगे निकलने की कोशिश कर रही थीं।

सुरुचि ने 14वें दौर के आखिर में लगातार तीन बार 10 से ज्यादा का स्कोर करके स्वर्ण पदक के लिए चू को कड़ी चुनौती देना शुरू कर दिया था। इस समय सेलीन और ईशा फिसलकर चौथे और पांचवें स्थान पर पहुंच गई थीं।

फिर 15वां और 16वां दौर सबसे ज्यादा रोमांचक रहा। सेलीन और ईशा संयुक्त रूप से तीसरे स्थान पर पहुचीं। सेलीन छठे स्थान पर बाहर हो गईं। इसके साथ ही चू के ठीक पीछे भारत की ये दोनों निशानेबाज पदक जीतने की स्थिति में पहुंच गईं।

फिा चू पर दबाव आ गया। 19वें शॉट के बाद सुरुचि ने ईशा को पीछे छोड़ दिया और 20वें शॉट के बाद ईशा ने एक पदक पक्का कर लिया।

आखिरी दो शॉट में सुरुचि ने ईशा को पछाड़कर 10.3 के स्कोर ने म्यूनिख में जीते अपने स्वर्ण पदक का बचाव किया। दो साल में अपना चौथा विश्व कप और पांचवां आईएसएसएफ स्वर्ण पदक जीतने के बाद उन्होंने कहा, ‘‘मुझ पर कभी भी कोई दबाव नहीं होता। ’’

ईशा ने भी इस प्रतियोगिता में अपना दूसरा पदक जीता। उन्होंने बुधवार को महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में विश्व रिकॉर्ड स्कोर के साथ स्वर्ण पदक जीता था।

वहीं पुरुषों की दो स्पर्धाओं में भारत पदक जीतने से चूक गया।

ऐश्वर्य प्रताप सिंह तोमर ने 50 मीटर राइफल थ्री पोजीशन स्पर्धा में 592 का स्कोर बनाकर छठे स्थान पर क्वालीफाई किया लेकिन प्रतियोगिता के बाद हुई औचक जांच में उनके उपकरण की माप में कुछ गड़बड़ी पाए जाने के कारण उन्हें अयोग्य घोषित कर दिया गया। रुद्रांक्ष पाटिल ने 585 का स्कोर बनाकर 53वां स्थान हासिल किया।

पुरुषों की 25 मीटर रैपिड-फायर पिस्टल स्पर्धा में अनीश 27वें स्थान पर रहे। उनके टीम के साथी उदयवीर सिद्धू (574) और सूरज शर्मा (574) क्रमशः 37वें और 39वें स्थान पर रहे।

भाषा नमिता मोना

मोना