उत्तर प्रदेश में वाराणसी के दशाश्वमेध घाट पर बुधवार सुबह कुछ अलग ही छटा बिखरी दिखी। संगीतमय माहौल के बीच लोग रंगों का त्योहार होली मनाने के लिए बड़ी संख्या में जुटे। इस दौरान संगीत इतना असरदार था कि शौकिया गायक भी कोरस में शामिल हो गए।
मस्ती और जोश से भरे लोग ताल से ताल मिलाते, नाचते और झूमते दिखे। कार्यक्रम के आयोजक इसकी सफलता पर बहुत खुश थे। उन्होंने कहा कि इसने सभी को अपने रंग और उत्सव में डुबो दिया।
गायक ने बताया कि भगवान शिव के निवास माने जाने वाले शहर में होली का उत्सव क्यों अनोखा है। वाराणसी के लोगों के लिए होली का अहसास अनूठा है। ये उनके गीत, संगीत और हाव-भाव से साफ महसूस किया जा सकता है।