भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने उत्तर प्रदेश में व्यापक बारिश का पूर्वानुमान जारी किया है। इसे देखते हुए प्रयागराज जिला प्रशासन अलर्ट मोड पर है और बाढ़ से निपटने की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। जिले की कई नदियों का जलस्तर खतरे के निशान के करीब पहुंच गया है। प्रयागराज के जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने बताया कि जिन नदियों से आमतौर पर बाढ़ का खतरा रहता है, उनका जलस्तर फिलहाल खतरे के निशान से नीचे है। हालांकि प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। बाढ़ प्रभावित होने वाले सभी गांवों की पहचान कर ली गई है और जहां भी कोई कमी है, उसे दूर किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रभावित क्षेत्रों में साफ-सफाई, पेयजल और दवा छिड़काव की व्यवस्था की जा रही है। साथ ही एसडीआरएफ (SDRF) और एनडीआरएफ (NDRF) की टीमें भी तैनात कर दी गई हैं, ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके। मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम उत्तर प्रदेश के ऊपर बने कम दबाव के क्षेत्र के कारण राज्य में बारिश की गतिविधियां तेज बनी हुई हैं। इसके प्रभाव से 10 और 11 जुलाई को पश्चिमी उत्तर प्रदेश तथा 10 से 13 जुलाई तक पूर्वी उत्तर प्रदेश में कई स्थानों पर बारिश होने की संभावना है।
आईएमडी ने शुक्रवार को पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ इलाकों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। इसके अलावा पूर्वी उत्तर प्रदेश में गरज-चमक और बिजली गिरने की भी आशंका जताई गई है। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान बिना जरूरी काम के यात्रा न करें और जलभराव व बाढ़ संभावित निचले इलाकों से दूर रहें। प्रशासन ने भी लोगों से मौसम संबंधी चेतावनियों का पालन करने की सलाह दी है।