Breaking News

जयपुर में फॉरेस्ट ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट की निर्माणाधीन छत गिरी, 10 घायल     |   पुणे-मुंबई एक्सप्रेसवे पर ट्रैफिक बहाल, दो लेन से शुरू हुआ यातायात     |   वेनेजुएला में भूकंप से हुई मौतों का आंकड़ा बढ़ा, 3535 पहुंची तादाद     |   रूस-यूक्रेन युद्धः कीव पर मिसाइल हमले में मारे गए 21 लोग, यूक्रेनी अधिकारियों ने की पुष्टि     |   एस जयशंकर ने बहरीन के किंग से की मुलाकात, द्विपक्षीय संबंधों पर हुई बात     |  

Rajasthan: तोप दाग कर सहरी और इफ्तार के वक्त का संदेश, एक महिला निभा रही है सदियों पुरानी परंपरा

राजस्थान के अजमेर में एक पहाड़ी की चोटी से रमजान के दौरान एक अनोखी परंपरा का पालन किया जाता है। शाम को तोप दागने की आवाज सुनने के बाद शहर का मुस्लिम समुदाय इफ्तार करता है। इसके साथ ही दिन भर का रोजा खत्म हो जाता है। 

तोप का गोला दागने की परंपरा सदियों पुरानी है। दिलचस्प बात है कि इस परंपरा का पालन एक महिला करती है। तोप दाग कर अजमेर के मुस्लिम समुदाय को सुबह की सहरी और शाम के इफ्तार का संदेश देने की जिम्मेदारी फौजिया खान पर है। फौजिया खान इस परंपरा का पालन करने वाले परिवार की आठवीं पीढ़ी हैं। उन्होंने पिता से तोप दागना सीखा था। अपनी कौम की सेवा के लिए इस काम से उन्हें फख्र है।

वे फौजिया तोपची के नाम से मशहूर हैं। अब वे परिवार की परंपरा को आगे बढ़ाने के लिए भतीजे को तोप दागना सिखाने की योजना बना रही हैं। उनके भतीजे की उम्र 10 साल है। अजमेर में रमजान के महीने में सुबह या शाम तोप दागने की आवाज सुनाई दे तो समझ जाईयेगा कि एक महिला सदियों पुरानी पारिवारिक परंपरा निभा रही है।