उत्तर प्रदेश से बाहर अपने विस्तार में जुटी समाजवादी पार्टी ने हरियाणा विधानसभा चुनाव से अपने कदम पीछे खींच लिए हैं. सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने शुक्रवार को कहा, बात दो-चार सीटों पर प्रत्याशी उतारने की नहीं है, बात जनता के दुख-दर्द को समझते हुए उनको बीजेपी की सियासत से मुक्ति दिलाने की है. इसके लिए सपा हर त्याग के लिए तैयार है और बीजेपी को हराने के लिए हरियाणा चुनाव में इंडिया गठबंधन का साथ देंगे. ऐसे में सवाल उठता है कि अखिलेश ने हरियाणा में बड़ा दिल दिखा दिया है, क्या कांग्रेस यूपी में अपना दिल बड़ा कर पाएगी?