यूपीएससी (संघ लोक सेवा आयोग) ने शुक्रवार को ट्रेनी आईएएस अफसर पूजा खेडकर के खिलाफ बड़े एक्शन लिए हैं. फर्जी पहचान पत्र के जरिए सिविल सेवा परीक्षा में शामिल होने के आरोप में उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है. इसके साथ ही पूजा को कारण बताओ नोटिस भी जारी किया है. ये उनकी उम्मीदवारी रद्द करने और परीक्षाओं में शामिल होने से रोकने लगाने से जुड़ा है. इसमें आयोग ने पूछा है, आपकी उम्मीदवारी क्यों नहीं खत्म की जाए?
आयोग ने अपने बयान में कहा है कि सिविल सेवा परीक्षा-2022 के लिए चयनित पूजा मनोरमा दिलीप खेडकर के मामले में हमने विस्तृत जांच की है. इसमें पता चला है कि पूजा खेडकर ने अपना नाम, अपने माता-पिता का नाम, अपनी तस्वीर, हस्ताक्षर, ईमेल आईडी, मोबाइल नंबर और पता बदलकर पहचान छिपाई.