लोकसभा चुनाव में सभी की निगाहें उत्तर प्रदेश पर लगी है. 4 जून को आने वाले चुनाव के नतीजे देश की सत्ता का फैसला करेंगे, लेकिन साथ ही दलबदलू नेताओं के सियासी कद को भी तय करेंगे. लोकसभा चुनाव से पहले सूबे में दूसरे दलों के तमाम दिग्गज नेताओं ने सियासी पाला बदला था, जिसमें कुछ नेताओं ने बीजेपी का दामन थाम लिया था तो सपा के बागी विधायक बीजेपी के पक्ष में प्रचार करते नजर आए हैं. ऐसे में देखना है कि दलबदल करने वाले और सपा के बागी नेता अपने-अपने गढ़ में बीजेपी के लिए सियासी तौर पर कितने मददगार साबित हुए हैं