राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से सटे गाजियाबाद के सुराना गांव में बीते 832 सालों से रक्षाबंधन नहीं मना. इस त्योहार पर आज भी बहनों की आंखों में पानी भर जाता है. यहां के लोग इस त्योहार पर खुश नहीं होते, बल्कि इसे अपशकुन मानते हैं. ऐसा हो भी क्यों नहीं, इसके पीछे 832 साल पुरानी कहानी है. उस समय दिल्ली में पृथ्वीराज चौहान की हत्या के बाद मुहम्मद गोरी के सैनिकों ने पूरे गांव को घेर लिया था और खोज खोज कर गांव के बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक की हत्या कर दी गई थी.