सेंट्रल नोएडा में एक कैब चालक से मारपीट और उसका कैश छीनने के मामले में नोएडा की पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने बड़ी कार्रवाई की है। इस मामले में आरोपी दरोगा सहित उसके दो साथियों पर मुकदमा दर्ज करते हुए गिरफ्तार किया गया है। वही घटना को छुपाने के मामले में सेंट्रल नोएडा की डीसीपी को हटा दिया गया है, वहीं बिसरख थाने के प्रभारी और दो अन्य दरोगाओं को सस्पेंड कर दिया गया है। वहीं आरोपी दारोगा के खिलाफ विभाग से बर्खास्त करने की कार्रवाई की जा रही है।
दरसअल यह पूरा मामला 1 अगस्त का है, जहां पर एक कैब चालक किसी महिला को छोड़ने के लिए आया था। इस दौरान उसके कैब चालक को ट्रेनिंग दरोगा अमित अमित मिश्रा और उसके दो साथियों ने रोक लिया और कैब चालक के साथ मारपीट की, साथ ही कैब चालक से करीब 7000 का कैश भी छीन लिया। कैब चालक ने इस मामले में शिकायत भी की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई, फिर इस पूरे मामले की शिकायत पुलिस कमिश्नर से की गई। इसके बाद एसीपी बिसरख ने पूरे प्रकरण की जांच की और जांच में यह प्रकरण सही पाया गया।
देर रात पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह खुद बिसरख खाने पहुंची और एसीपी की जांच के बाद उन्होंने इस मामले में कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इसके बाद बिसरख थाने पर तैनात ट्रेनी सब इंस्पेक्टर अमित मिश्रा और उसके दो साथियों पर मुकदमा दर्ज किया गया और आरोपी दरोगा को गिरफ्तार कर लिया गया । इसके अलावा पुलिस ने इस घटना में प्रयुक्त दो गाड़ियों को भी सीज कर दिया, आरोपी दारोगा के अलावा अभिनव व आशीष के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज किया गया वह अभी फरार है।
वही इस मामले में बड़े अधिकारियों पर भी कार्रवाई हुई है। जांच में पाया गया कि बड़े अधिकारियों ने घटना को छुपाने का प्रयास किया। जिसके चलते सेंट्रल नोएडा की डीसीपी सुनीति को पद से हटा दिया गया। बिसरख थाने के प्रभारी अरविंद कुमार व गौर सिटी चौकी इंचार्ज रमेश चंद्र व एक अन्य दरोगा मोहित को भी निलंबित कर दिया गया है।