वेस्ट यूपी में नकली नोटों का खेल उजागर हुआ है। इस मामले का खुलासा उस समय हुआ जब आरबीआई में नकली नोट जमा करवाए गए। मेरठ के अलग-अलग बैंकों ने जब नकली नोट जमा कराए तो आरबीआई चौकन्ना हो गया। उसके बाद बैंक मैनेजर के खिलाफ एफआईआऱ दर्ज कराई गई। मेरठ में पांच बैंकों के मैनेजर के खिलाफ नकली नोट जमा करने के मामले में एफआईआर दर्ज कराई गई है। जिस मामले में अब मेरठ पुलिस जांच कर रही है।
आपकों बता दे की रिजर्व बैंक ऑफ़ इंडिया की कानपुर ब्रांच में बड़ी संख्या में नकली नोट जमा कराए गए। कानपुर में भेजी गई ई में नकली नोट पकड़े जाने पर पीएनबी, यूको बैंक, कैनरा और आईओबी के मैनेजर से जवाब तलब किया गया। जब जवाब संतोषजनक नहीं निकला तो बैंक मैनेजर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है। मेरठ के थाना सिविल लाइन में अलग-अलग बैंकों के खिलाफ अलग-अलग एफआईआऱ कराई गई है। आरबीआई के आईपीएस गहलोत की तरफ से भारतीय दंत संहिता धारा 498 के तहत फिर दर्ज कराई गई है। लगातार ऐसे मामले सामने आ रहे हैं। वहीं पुलिस अधिकारियों की माने तो एफआईआऱ के बाद अब मेरठ पुलिस मामले में आगे जांच कर रही है और दोषियों के खिलाफ एक्शन भी लेगी।
रिपोर्ट- प्रदीप शर्मा